भेल भोपाल में यूनिफॉर्म वितरण को लेकर परिपत्र जारी, 2 फ़रवरी से होगा वितरण
पहली बार स्ट्रेचेबल पैंट का कपड़ा मिलेगा कर्मचारियों को
भोपाल। भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल), भोपाल प्रबंधन द्वारा कर्मचारियों को यूनिफॉर्म (वर्क ड्रेस) वितरण के संबंध में परिपत्र जारी किया गया है। यह परिपत्र वर्ष 2024-25 एवं 2025-26 के लिए लागू होगा। मानव संसाधन–औद्योगिक संबंध विभाग द्वारा जारी सूचना के अनुसार यूनिफॉर्म का वितरण 2 फरवरी 2026 से प्रारंभ किया जाएगा।
परिपत्र के अनुसार कर्मकार एवं पर्यवेक्षक श्रेणी के सभी पात्र पुरुष कर्मचारियों को एक शर्ट एवं दो पैंट का कपड़ा प्रदान किया जाएगा। वहीं पात्र महिला कर्मकार एवं पर्यवेक्षक कर्मचारियों को दो जोड़ी सलवार-कुर्ता का कपड़ा दिया जाएगा। जो महिला कर्मचारी सलवार सूट के स्थान पर साड़ी लेना चाहेंगी, उन्हें निर्धारित नियमों के अंतर्गत साड़ी, ब्लाउज एवं पेटीकोट की लागत की प्रतिपूर्ति की जाएगी।
इसी क्रम में परिपत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि पात्र पुरुष सिख कर्मकार एवं पर्यवेक्षकों को ऐश ग्रे कलर की दो पगड़ी के कपड़े के लिए ₹1500 की प्रतिपूर्ति किए जाने का प्रावधान किया गया है।
यूनियनों की सहमति से मफतलाल कंपनी का कपड़ा हुआ तय
BHEKTU CITU की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, वर्ष 2025 हेतु बीएचईएल द्वारा प्रदान की जाने वाली यूनिफॉर्म के लिए BHEKTU CITU सहित सभी यूनियनों के वेलफेयर समिति सदस्यों की संयुक्त सहमति से मफतलाल (Mafatlal) कंपनी के कपड़े को अंतिम रूप दिया गया है।
यूनिफॉर्म कपड़े की स्पेसिफिकेशन
यूनिफॉर्म सामग्री की गुणवत्ता को ध्यान में रखते हुए निम्न स्पेसिफिकेशन का कपड़ा वितरत किया जा रहा—
पैंट के लिए कपड़ा (2 सेट)
संरचना: 62% पॉलिस्टर, 33% कॉटन एवं 5% लाइक्रा
(स्ट्रेचेबल एवं अधिक आरामदायक)
शर्ट के लिए कपड़ा (1 सेट)
संरचना: 40% पॉलिस्टर एवं 60% कॉटन
पहली बार मिलेगा स्ट्रेचेबल पैंट का कपड़ा
भेक्टू सीटू के महामंत्री रंजीत सिंह ने इस अवसर पर कहा कि यह पहली बार है जब भेल में सीटू यूनियन संयुक्त समिति का चुनाव जीतकर आई है, और इसी का सकारात्मक परिणाम है कि कर्मचारियों को उनके अधिकार समय पर और बेहतर रूप में मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि भेल के इतिहास में पहली बार कर्मचारियों को स्ट्रेचेबल पैंट का कपड़ा वितरित किया जा रहा है, जो यूनियन की सक्रिय भूमिका और सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।
— BHEL News 24 के Er. Raghvendra singh rajput की रिपोर्ट